Saturday, 12 August 2017

कुछ दोस्त खफ़ा हो गए .......

कुछ दोस्त खफ़ा हो गए है,
लगता है हमारी सोहबत उन्हें अब रास नही आती।


Saturday, 5 August 2017

हर लफ्ज़ तेरे लिए कुछ.......

हर लफ्ज़ तेरे लिए कुछ कहना चाहते हैं,
पर दिल की सोच से कम नज़र आते है।
हमारी गिनती तो आम इन्सानो मे ही होती है ,
पर ये दिल के जज़्बात बेपनाह मोहब्बत,
खुद पर गुरुर करने को मजबूर कर देती  हैं,।

Wednesday, 2 August 2017

मुमकिन भी कैसे हो मिलना.......

मुमकिन भी कैसे हो मिलना उनसे,
रूठ बैठे है,वो हमसे हम उनसे ।